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हरियाणा का जिला करनाल

 करनाल जिले के बारे में



स्थपना-1नवम्बर1966

नामकरण-  राजा कर्ण द्वारा बनाई गई करण झील के नाम पर बाद में इस झील को 1972 में हरियाणा सरकार द्वारा विकसित करवाया गया ।

उपनाम -धान का कटोरा, हरियाणा की सूज सिटी लिब्रेटरी , हरियाणा का पेरिस।

 उपमंडल- करनाल, असंध ,इंद्री नीलोखेड़ी ,घरौंडा।

 तहसील -करनाल, असंध, नीलोखेड़ी, इंद्री ,घरौंडा ।

उप तहसील -निसिंग, बल्ला, निग्धु।

 खंड -घरौंडा ,करनाल ,नीलोखेड़ी, निसिंग,असंध,  इंद्री ,मुनक, कुंजपुरा।

 क्षेत्रफल -2520 वर्ग किलोमीटर जनसंख्या -15053 24 जनसंख्या घनत्व -597  व्यक्ति प्रति वर्ग किलोमीटर

 लिंग अनुपात -

886 /1000

साक्षरता दर -76.4 4% 

ऐतिहासिक तथ्य -

1739 में करनाल का युद्ध नादिर शाह व मोहम्मद शाह रंगीला के बीच लड़ा गया ।

1191 व 1192 में करनाल के तरावड़ी में मोहम्मद गौरी और पृथ्वीराज -3 के बीच युद्ध हुआ जिसमें पहले में मोहम्मद गौरी की हार हुई और वह दूसरे में जीत हो गई ।

वर्तमान के करनाल का असन्ध  प्राचीन समय में महाभारत काल में राजा परीक्षित की राजधानी थी और इसका प्राचीन नाम असन्धिवत था ।असन्ध से ही कुसान स्तूप  की प्राप्ति हुई है। 

तराइन का तीसरा युद्ध- 1215 ईस्वी इल्तुतमिश  व ताजुद्दीन येलदोज ऐबक  के दामाद के बीच हुआ। जिसमें इलतुतमिस की जीत हुई। 

1841 ईसवी में अंग्रेजों ने यहां छावनी लगाई थी ।लेकिन यहां पर मलेरिया फैला था, इस कारण है छोड़ कर चले गए।

प्रमुख अनुसंधान केंद्र व अन्य वैज्ञानिक एवं शैक्षणिक केंद्र- 

राष्ट्रीय डेरी अनुसंधान- इसकी स्थापना मूल रूप से इंपीरियल इंस्टिट्यूट ऑफ एनिमल हसबेंडरी एवं डेरिंग के रूप में 1923 में बेंगलुरु में हुई।

 1955 में इसे करनाल में स्थापित किया गया तथा 1989 में विश्वविद्यालय का दर्जा प्रदान किया गया।

 केंद्रीय मिट्टी लवणता अनुसंधान सथापना- 1969 ।

गेहूं शोध निदेशालय स्थापना 1978 ।

पशु अनुवांशिक केंद्र स्थापना 1984।

 महाराणा प्रताप बागवानी विश्वविद्यालय- अंजली स्थापना 

2 8 नवंबर 2016 

मुक बधिर विद्यालय प्रस्तावित ।

इंदिरा गांधी मुक्त विश्वविद्यालय का क्षेत्र भी मुख्यालय करनाल में स्थित है ।

हरियाणा इंस्टिट्यूट ऑफ़ रूरल डेवलपमेंट की नीलोखेड़ी में स्थित है ।

हरियाणा पुलिस अकादमी मधुबन में 1973 में स्थापित की गई। हरियाणा में महिला पुलिस ट्रेनिंग सेंटर हिसार में खोला जा रहा है ।सेंटर सुनारिया रोहतक में स्थित है।

 सब्जी उत्कृष्टता केन्द्र  घरौंडा करनाल में स्थित है ।

हरियाणा साइंस पार्क करनाल में स्थित है।

 शहीद भगत सिंह पुस्तकालय की स्थापना करनाल में 2006 में की।

अन्य तथ्य-

हरियाणा में सबसे ज्यादा मेलो

  वाला गांव सालवन गांव करनाल में है ।

आम ,अमरूद ,व लहसुन के उत्पादन में करनाल प्रथम स्थान पर है।

 फॉरेंसिक साइंस लैबोरेट्री मधुबन करनाल इसकी स्थापना 1973 में रोहतक में की गई 1978 में इसे करनाल  स्थापित कर दिया गया।

हरियाणा के नीलोखेड़ी करनाल में पोल्ट्री का प्रशिक्षण दिया जाता है ।

हरियाणा ग्रामीण विकास संस्थान 1990, करनाल में ।

हरियाणा में विक्टोरिया मेमोरियल हॉल -करनाल।

 इग्नू केंद्रीय क्षेत्रीय विश्वविद्यालय 1991 ,करनाल ।

गेट ऑफ मुगलसराय घरौंडा में है।

 विश्व भर में तरावड़ी बासमती चावल के लिए प्रसिद्ध है।

विक्टोरिया या महात्मा गांधी मेमोरियल हॉल करनाल में स्थित है ।

मधुबन पुलिस अकैडमी करनाल में है ।

 करनाल जिले में विधानसभा की आरक्षित सीट नीलोखेड़ी है।

करनाल का प्रसिद्ध नृत्य खेड़ा नृत्य व खोडीया नृत्य है ।

 करनाल का प्राचीन नाम कर्णलय हुआ करता था ।

प्रसिद्ध दर्शनीय स्थल - 

कर्ण तालाब ,कर्ण झील, सेंट जेम्स टावर ,सीता माई सीमा गढ़ का मंदिर ,निर्मल कुटिया ,अटल पार्क ,तरावड़ी ।

मेले -पांडु का मेला ,नपहाना असंध, प्रत्येक माह।

 परासर का मेला -तरावड़ी, फरवरी माह में ।

गोगा पीर का मेला- खेड़ा ,भादो नवमी ।

देवी का मेला -पटहेड़ा, अप्रैल माह।

 बाबा सिमरन दास का मेला -इंद्री अक्टूबर माह में ।

छडीयों का मेला -अमरपुर, सितंबर माह में ।

अदिति देवी का मंदिर, पांच पीर की मजार, बू अली कलंदर दरगाह।

 सीताबाई का मंदिर- हरियाणा का एकमात्र सीता माता का मंदिर है ।मंदिर के बारे में अवधारणा है कि सीता माता धरती की गोद में यही पर  समाई थी ।

करनाल का प्रमुख पर्यटक स्थल ओएसिस है।

प्रमुख हस्तियां-

गूगल बॉय कौटिल्य पंडित 14 नवंबर 2013 में के.बी.सी में 10 लाख रुपए जीते ।

कल्पना चावला -जन्म 1 जुलाई 1961 ,मृत्यु 1 फरवरी 2003, कोलंबिया यान में भारत की  पहली महिला जो अंतरिक्ष में गई थी ।उन्हीं के नाम पर कल्पना चावला विश्वविद्यालय 1 दिसंबर 2012 को 100एकड़ में करनाल में बना था ।15 जनवरी 2018 में इसका नाम इसका नया नाम पंडित दीनदयाल उपाध्याय विश्वविद्यालय रखा गया।

करनाल विधानसभा क्षेत्र से चुनाव मनोहर लाल खट्टर ने लड़ा जो वर्तमान मे मुख्यमंत्री है।

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